October 30, 2020

BBC LIVE NEWS

सच सड़क से संसद तक

आधा युद्ध तो जीत चुका है यारों हिंदुस्तान

आधा युद्ध तो जीत चुका, यारों हिंदुस्तान,एक और मौके की भीख, मांगे अब इमरान। बाजवा...
आधा युद्ध तो जीत चुका, यारों हिंदुस्तान,
एक और मौके की भीख, मांगे अब इमरान।

बाजवा और इमरान, कुटिल पाखंडी भारी,
अजहर दिया छिपाय, देखती दुनिया सारी,
पीठ पे छुप के बार सदा ये करता आया,
देख सोच भारत की ताकत को घबराया।

नही भरोसे काबिल हैं, ये समय मांगते,
जानके अपनी हार, शांति राग अलापते।
जहर मगर नस नस में इनकी भरा हुआ है,
सैतालिस से अब तक , दगा ही इनका सगा है।
साँप के फन से पैर जो तूने आज उठाया,
फन कुचलने का दस्तूर, जो तूने नही निभाया।

फिर उठेगा ये फसल ले, नई जिहादी,
फिर खूँ आलूदा होगी ये कश्मीर की वादी,
भारत माँ के बेटे, फिर हर रोज मरेंगे,
अंधयारी रातों में, ये नित वॉर करेंगे।
फिर मुम्बई होगी, फिर पुलवामा होना है,
शहीदों की माँ, बहनों को अब नही रोना है।